
धुरैत निवासी उपेन्द्र प्रसाद सिन्हा ने थाना में दिए आवेदन में बताया कि उनकी खतियानी जमीन, खाता संख्या-25, प्लॉट संख्या-05/797, रकबा लगभग 2 एकड़ 46 डिसमिल, उनके दादा जवाहर लाल के नाम दर्ज है। उनका आरोप है कि शुक्रवार सुबह करीब छह बजे कुछ लोग जबरन जमीन पर पहुंच गए और गाली-गलौज करते हुए उनके पुत्र रानु कुमार सिन्हा के साथ लात-घूंसों से मारपीट की।
आवेदन में अमन भदानी, मनीष भदानी, आशिष भदानी, अविनाश भदानी, राहुल भदानी एवं अवधेश भदानी समेत अन्य लोगों को आरोपी बनाया गया है। साथ ही प्रदीप साव पर भी हमला करने का आरोप लगाया गया है। बताया गया कि उनके माथे पर ईंट से वार किया गया, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। स्थानीय लोगों की मदद से घायलों का इलाज कराया गया।
वहीं दूसरे पक्ष की ओर से उषा देवी, पति अश्विनेश कुमार भदानी ने थाना में आवेदन देकर बताया कि मौजा बलेडीह स्थित खाता संख्या-05, प्लॉट संख्या-05/797, रकबा 104 डिसमिल जमीन उनकी सास स्वर्गीय बत्तो देवी ने वर्ष 1984 में विधिवत रजिस्ट्री के माध्यम से खरीदी थी। आवेदन में कहा गया है कि जमीन का दाखिल-खारिज एवं राजस्व रसीद पूर्व से निर्गत होती रही है तथा वर्षों से परिवार का कब्जा कायम है।
पीड़िता के अनुसार शुक्रवार सुबह सूचना मिली कि कुछ लोग उनकी जमीन पर जबरन कब्जा करने एवं निर्माण कार्य करने का प्रयास कर रहे हैं। जानकारी मिलने पर परिवार के लोग मौके पर पहुंचे तो देखा कि रात से ही वहां काम चल रहा था। आरोप है कि विरोध करने पर गाली-गलौज करते हुए मारपीट की गई।
आवेदन में महिलाओं के साथ अभद्र व्यवहार, गला दबाकर हत्या का प्रयास, कपड़े फाड़ने तथा सोने की चेन छीन लेने का भी आरोप लगाया गया है। पीड़ित परिवार ने यह भी आरोप लगाया कि करीब 15 दिन पूर्व पांच लाख रुपये रंगदारी मांगी गई थी और पैसा नहीं देने पर गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी गई थी। घटना में कई लोगों के घायल होने की बात कही गई है।
दोनों पक्षों ने हीरोडीह थाना में आवेदन देकर मामला दर्ज करने की मांग की है। थाना प्रभारी महेश चन्द्र ने बताया कि दोनों पक्षों से आवेदन प्राप्त हुआ है और पुलिस मामले की जांच कर रही है। उन्होंने कहा कि जांच के बाद दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी।


